जिंदगी के आंगन में हर खुशी कुंवारी है, किससे मांगने जाएं, यहां हर कोई भिखारी है पूर्णमति माताजी
जिंदगी के आंगन में हर खुशी कुंवारी है, किससे मांगने जाएं, यहां हर कोई भिखारी है पूर्णमति माताजी ग्वालियर आर्यिका 105 पूर्णमति माताजी ने शुक्रवार की बेला में अपने मंगल प्रवचन देते हुए कहा कि जोड़ने के लिए मुहूर्त की जरूरत पड़ती है, छोड़ने के लिए नहीं। हमारे तीर्थंकरो ने बिना मुहूर्त के सब कुछ […]
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