आचार्य 108श्री वर्धमान सागर जी महाराज द्वारा किया गया यज्ञपवित संस्कार11 श्रावको ने किये रात्रि भोजन त्याग, जल छानकर पीने का नियम, कंद मूल एवं पंच उदम्बर क़े त्याग

आचार्य 108श्री वर्धमान सागर जी महाराज द्वारा किया गया यज्ञपवित संस्कार11 श्रावको ने किये रात्रि भोजन त्याग, जल छानकर पीने का नियम, कंद मूल एवं पंच उदम्बर क़े त्याग. बांसवाड़ा। मुनिसुव्रत जिनालाय संतभवन, बाहुबली कॉलोनी मे विराजित आचार्य 108 श्री वर्धमान सागर जी महा मुनिराज ने 11 श्रावको को जनेऊ ग्रहण करवा कर आजीवन रात्रि […]

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