पागलपन छोड़ो, क्षमा करना सीखो आचार्य श्री विशुद्ध सागर महाराज

पागलपन छोड़ो, क्षमा करना सीखो आचार्य श्री विशुद्ध सागर महाराज नांदनीमठ (महाराष्ट्र अध्यात्मयोगी आचार्य श्री विशुद्ध सागर गुरुदेव ने ” श्रावक संयम संस्कार शिविर में ‘पर्युषण महापर्व के प्रथम दिन • क्षमा धर्म पर उद्‌बोधन देते हुए कहा कि – “स्वभाव धर्म, है, विभाव अधर्म है।” क्षमा अमृत है, क्रोध महा- भयंकर विष है।” क्षमा […]

Read More