अन्तर्मना उवाच*खुद को ही चुनना पड़ता है जीवन का मार्ग..* *अन्यथः पता नहीं चलता कि जरूरी क्या है-?*

अन्तर्मना उवाच*खुद को ही चुनना पड़ता है जीवन का मार्ग..* *अन्यथः पता नहीं चलता कि जरूरी क्या है-?* *खुद को ही चुनना पड़ता है जीवन का मार्ग..* *अन्यथः पता नहीं चलता कि जरूरी क्या है-?* *मेरे सन्यास काल को 36 वर्ष हो रहे हैं* – हमने जाना और अनुभव किया कि *दीक्षा सिर्फ वेश परिवर्तन […]

Read More