समंतभद्र स्वामी की परिभाषा को अपनी चर्या से परिभाषित करने वाले विनीतसागर जी

समंतभद्र स्वामी की परिभाषा को अपनी चर्या से परिभाषित करने वाले विनीतसागर जी  आश्विन शुक्ल पूर्णिमा का दिन वैसे तो पूर्णिमा शब्द ही पूर्णता को प्रकट करता है। आज के दिन परम पूज्य संत शिरोमणि आचार्य भगवंत श्री विद्यासागर जी के करकमलों से श्रमण परंपरा में सिद्धोदय क्षेत्र नेमावर जी में 16 अक्टूबर 1997 को […]

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