क्रोध जहर है, क्षमाअमृत है आचार्य श्री वर्धमान सागर जी

क्रोध जहर है, क्षमा अमृत हैआचार्य श्री वर्धमान सागर जी पारसोला आचार्य श्री वर्धमान सागर जी के सानिध्य में प्रातः पंचामृत अभिषेक जैन मंदिरों में हुआ तथा तपस्वियों का पारणा अपने-अपने निवास पर हुआ इसके पूर्व सभी 10 व्रत करने वाले तपस्वियों ने मंदिर में जाकर दर्शन अभिषेक पूजन किया। आचार्य श्री वर्धमान सागर जी […]

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