वात्सल्य वारिधि पंचम पट्टाधीश 108 आचार्य श्री वर्द्धमान सागर जी का 73 वर्ष वर्द्धन दिवस यादगार बना । तीन बाल ब्रह्मचारणी दीदियों ने दीक्षा हेतु श्रीफल समर्पित किया।
श्री महावीरजी
श्री महावीर जी अतिशय क्षेत्र में 73 वर्षीय वात्सल्य वारिधि वर्धमान साग़र महाराज 33 वर्षीय आचार्य पद में 54 वा वर्षायोग 30 साधुओं सहित कर रहे है । विगत दिनों 18 सितंबर 2022 को 73 वे जन्मदिन अवतरण दिवस पर बाल ब्रह्मचारणी 36 वर्षीय नेहा दीदी देहली 26 वर्षीय दीप्ति दीदी सनावद तथा 26 वर्षीय पूनम दीदी कोटा ने नारी जगत की सर्वोच्य आर्यिका दीक्षा हेतु राष्ट्र गौरव आचार्य श्री वर्द्धमान सागर जी को दीक्षा हेतु श्रीफल भेंट कर निवेदन किया। आचार्य श्री ने दीक्षा हेतु स्वीकृति प्रदान कर विजया दशमी 5 अक्टूम्बर 2022 को स्वयम की दीक्षा स्थली श्री शांति वीर नगर में दीक्षा देने की स्वीकृति प्रदान की। इसके पूर्व 7 प्रतिमा धारी 60 वर्षीय साधना दीदी को भी दीक्षा की स्वीकृति प्रदान की है।
राजेश पंचोलिया इंदौर की कलम से
लिखते हुए श्री राजेश पंचोलिया इंदौर कहते है की मुझे ऐसा महसूस होता है कि जन्मदिन पर शिष्यों ने दीक्षा का निवेदन कर गुरु दक्षिणा दी है।
पहली बार वर्षवर्द्धन अवसर या दीक्षा दिवस या आचार्य पदारोहण दिवस में पहली बार दीक्षा का निवेदन ओर स्वीकृति हुई है।यह भी भगवान श्री महावीर का चमत्कार ही है।
तपोनिधि आचार्य श्री ने संकेत दिए कि और भी दीक्षाओ की धोषणा हो सकती है। उल्लेखनीय है कि अभी तक आचार्य श्री ने 94 दीक्षाएं दी है। दिलचस्पी रहेगी क्या

5 अक्टूबर या बाद में श्री महावीर जी मे दीक्षा का शतक पूर्ण होगा।
राजेश पंचोलिया इंदौर
वात्सलय भक्त परिवार
संकलन अभिषेक जैन लुहाडिया रामगंजमडी



